Saturday, May 31, 2008

एक विचार.....

सभी कहते है, सभी ने सुना होगा कि दुनिया बहुत बड़ी है
मगर मेरे विचार से हर इन्सान की दुनिया में फर्क होता है
किसी की दुनिया बड़ी तो किसी की छोटी होती है. इन्सान की
दुनिया सिर्फ वही होती है जिसे वह जानता है, जो उसके आसपास है
और जो उसे जानते है....
बाकि तो सिर्फ कहने की बात है...............

Friday, May 30, 2008

एक दिन मैने देखा.............

एक दिन मैने देखा कि कहीं दूर तलक कोई नहीं,
चारों तरफ एक सुनापन, विरानी ही विरानी
वहीं पर फिर मुझे दूर क्षीतिज पर
आसमान और धरती मिलते हुए दिखाई दिए
ये नजारा देखकर एक पल के लिये
मेरा दिल खुश हो गया कि, देखो !
जमीन और आसमान का मिलन हो रहा है....
लेकिन अगले ही पल अचानक मुझे ध्यान आया कि
यह तो सिर्फ नज़र का धोखा है
अगर में उस जगह पर जाऊं जहां पर
इनका मिलन होते हुए दिखाई दे रहा है तो वहां
से भी यह उतने ही दूर दिखाई देंगे
शायद कभी जमीन आसमान का मिलन हो,
मगर मेरे ख्याल से वह दुनिया का आखरी दिन होगा

......................................................शमशाद